Ghansyam Sharma / Sat, Dec 11, 2021 / Post views : 143
कोंडागांव। प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बहुजन समाज पार्टी के जोन प्रभारी देवलाल सोनवंशी ने कहा है कि भाजपा और कांग्रेस सरकार ने अन्य पिछड़ा वर्ग को सदियों से छलने का ही काम किया है। दोनों पार्टियों ने देश और राज्य में राज किया है और लगातार पिछड़े वर्ग को वोट बैंक की तरह इस्तेमाल किया है। पिछड़ा वर्ग समाज इन दोनों पार्टियों के नूरा-कुश्ती को समझ गए हैं। वर्तमान में छग राज्य की सत्ता पर आसीन भूपेश बघेल की कांग्रेस सरकार ने पिछड़े वर्ग के लिए 27 प्रतिषत आरक्षण की घोषणा करके समाज की सहानुभूति लेने का काम किया और वहीं दूसरे दरवाजे से हाई कोर्ट में इन्हीं के कार्यकर्ताओं के द्वारा याचिका लगाकर स्टे लगाने का भी काम किया। जिस तरह से श्री पटेल कमेटी बनाकर जनगणना करवाने की बात कर रही है, कहीं गणना कछुए की चाल की तरह चल रही है। सरकार इमानदारी से गणना
करवाना चाहती तो इतना देर नहीं लगता और ना ही सरकार न्यायालय में मजबूती से अपना पक्ष रख पा रही है। जबकि वहीं बहन कु.मायावती ने आबादी के हिसाब से देश के सबसे बड़े प्रदेश उत्तर प्रदेश की सत्ता में रहने के दौरान सर्वप्रथम साढ़े 27 प्रतिशत आरक्षण कैबिनेट में पास करके केंद्र को भेजकर पिछड़ा वर्ग आरक्षण को सुरक्षित करने का काम किया। इसी तरह केंद्र के भारतीय जनता पार्टी की सरकार सन् 2021 की जनगणना को भी इसी तरह माननीय सुप्रीम कोर्ट का सहारा लेकर दूसरे दरवाजा से स्टे लगाने का काम किया। बसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष चार-चार बार के मुख्य मंत्री, राज्यसभा व लोकसभा की सदस्य बहन कु.मायावती ने केंद्र सरकार को बार-बार इस संबंध में प्रेस कांफ्रेंस कर जनगणना करवाने की मांग की है, ताकि अन्य पिछड़ा वर्ग की जनसंख्या की जानकारी इस देश को प्राप्त हो। बहनजी ने यह भी मांग किया है कि इनकी जनसंख्या के अनुपात में नौकरी, उद्योग व व्यापार एवं राजनीति में भागीदारी मिलनी चाहिए। बसपा नेता देवलाल सोनवंशी ने कहा कि
वर्तमान में कोंडागाँव जिले सहित बस्तर संभाग में जिस तरह से पिछड़ा वर्ग का आंदोलन चल रहा है, इसमें वर्तमान सरकार एवं विपक्ष दोनों इस मुद्दे पर आंख मिचोली का खेल, खेल रहे हैं, पर्दे के पीछे बस्तर जैसे शांतिप्रिय संभाग में आदिकाल से बैठे निवासरत समाज को अनदेखा ना करके, आपस में भाईचारा बने, मूल निवासियों को लड़ाने का काम ना करें, इस आंदोलन पर भाजपा, कांग्रेस का चुप्पी साधना और इस संदर्भ में आज तक अपना कोई भी स्टेटमेंट ना देना साफ जाहिर होता है, दोनों पार्टियों की मंशा फूट डालो और शासन करो की नीति से आगे बढ़ रही है। बहुजन समाज पार्टी इसकी घोर निंदा करती है। बहुजन समाज पार्टी के विधायक दल के नेता केशव चंद्रा एवं पामगढ़ विधायक श्रीमती इंदु बंजारे के माध्यम से आने वाले विधानसभा के शीतकालीन सत्र में इस संदर्भ में जरूर प्रश्न उठाएंगे। बस्तर के समस्त बसपा कार्यकर्ता बस्तरिया मूलनिवासी समाज के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए बस्तर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए शासन प्रशासन से मांग करते है।
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